रायपुर। छत्तीसगढ़ में प्रमुख नेताओं, सरकारी संस्थाओं और निजी एजेंसियों के नामों के दुरुपयोग पर अब सख्ती बढ़ाई जा रही है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बिना अनुमति किसी भी संस्था, आयोजन या निजी एजेंसी के नाम में ऐसे शब्दों और नामों का उपयोग नहीं किया जा सकेगा, जिससे सरकारी संरक्षण या विशेष मान्यता का भ्रम पैदा हो।
बताया गया है कि कई निजी संस्थाएं और एजेंसियां प्रमुख नेताओं, राष्ट्रीय महत्व वाले शब्दों और सरकारी पहचान से जुड़े नामों का इस्तेमाल कर लोगों को भ्रमित कर रही थीं। इसे देखते हुए संबंधित विभाग ने निर्देश जारी कर ऐसे मामलों पर कार्रवाई की चेतावनी दी है।
निर्देश में कहा गया है कि किसी भी संस्था या आयोजन के नाम में ऐसे शब्दों का उपयोग करने से पहले निर्धारित अनुमति लेना जरूरी होगा। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित संस्था के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
प्रशासन का कहना है कि इस कदम का उद्देश्य आम लोगों को भ्रमित होने से बचाना और सरकारी पहचान के गलत इस्तेमाल पर रोक लगाना है।













