सितंबर तक पूरे नहीं हुए पीएम आवास तो अटक सकती है अनुदान राशि, छत्तीसगढ़ में 14 हजार घर अब भी अधूरे
रायपुर। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 1.0 के तहत छत्तीसगढ़ में स्वीकृत करीब 14 हजार आवास अब भी अधूरे हैं। केंद्र सरकार द्वारा अनुदान राशि जारी करने की समय-सीमा सितंबर 2026 तक तय की गई है। ऐसे में राज्य सरकार और नगरीय निकायों के सामने निर्धारित समय में निर्माण कार्य पूरा कराने की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है।
जानकारी के अनुसार, यदि सितंबर तक इन आवासों का निर्माण पूरा नहीं हो पाया तो लाभार्थियों को मिलने वाली शेष केंद्रीय सहायता प्रभावित हो सकती है। इसे देखते हुए संबंधित विभागों ने निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं और लंबित परियोजनाओं की लगातार निगरानी की जा रही है।
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आर्थिक रूप से कमजोर और निम्न आय वर्ग के परिवारों को पक्का घर उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। हालांकि कई स्थानों पर निर्माण कार्य की धीमी गति, तकनीकी अड़चनें और अन्य कारणों से हजारों आवास अब तक पूरे नहीं हो सके हैं।
अधिकारियों का कहना है कि समय-सीमा के भीतर सभी लंबित आवासों का निर्माण पूरा कराने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा, ताकि पात्र हितग्राहियों को योजना का पूरा लाभ मिल सके।













