30 साल से सड़क, बिजली और पानी को तरसे 18 परिवार, झरिया का पानी पीने को मजबूर ग्रामीण
छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले के कोयलीबेड़ा ब्लॉक स्थित ग्राम पंचायत गोंडाहुर के आश्रित गांव मातालकुडूम में आज भी मूलभूत सुविधाओं का गंभीर अभाव बना हुआ है। गांव के करीब 18 परिवार पिछले 30 वर्षों से सड़क, बिजली और पेयजल जैसी सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से शिकायत करने के बावजूद अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकला। गांव तक पहुंचने के लिए पक्की सड़क नहीं होने से बारिश के दिनों में स्थिति और खराब हो जाती है। वहीं बिजली सुविधा नहीं होने के कारण लोगों को अंधेरे में जीवन बिताना पड़ रहा है।
सबसे बड़ी समस्या पेयजल की है। भीषण गर्मी के बीच ग्रामीण झरिया और प्राकृतिक स्रोतों का पानी पीने को मजबूर हैं। ग्रामीणों का कहना है कि साफ पानी नहीं मिलने से बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द सड़क, बिजली और शुद्ध पेयजल की व्यवस्था कराने की मांग की है, ताकि उन्हें बुनियादी सुविधाएं मिल सकें।













