जांजगीर-चांपा। जिले के नवागढ़ थाना क्षेत्र में काले कागज को केमिकल के जरिए असली भारतीय मुद्रा में बदलने का झांसा देकर 50 हजार रुपये की ठगी करने की कोशिश का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। मामले में पुलिस ने अंतरराज्यीय गिरोह के तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से केमिकल पाउडर, नोट जैसे दिखने वाले काले कागज और तीन मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।
पुलिस के मुताबिक आरोपी सोशल मीडिया और मोबाइल कॉल के माध्यम से लोगों से संपर्क करते थे। वे खुद को केमिकल एक्सपर्ट बताकर कम कीमत में अधिक राशि के नोट तैयार करने का लालच देते थे। इसी तरह एक व्यक्ति को 50 हजार रुपये के बदले 2.50 लाख रुपये मूल्य के काले कागज और केमिकल देने का झांसा दिया गया था।
50 हजार लेकर ढाई लाख के नोट देने का दिया लालच
मामला करीब 10 दिन पहले शुरू हुआ। नवागढ़ निवासी साहिल कुमार के पिता के मोबाइल पर तेरस राम महिपाल नामक व्यक्ति का फोन आया। आरोपी ने खुद को केमिकल एक्सपर्ट बताते हुए दावा किया कि उसके पास ऐसा काला कागज है, जिसे विशेष केमिकल की मदद से असली भारतीय मुद्रा में बदला जा सकता है।
आरोपी ने 50 हजार रुपये के बदले 2.50 लाख रुपये मूल्य के काले कागज और केमिकल देने का लालच दिया। उसकी बातों में आकर प्रार्थी 6 अगस्त 2026 को गोविंदा पुल के पास पहुंचा।
संदेह होने पर फरार हुए आरोपी
गोविंदा पुल के पास तेरस राम महिपाल के साथ शिव प्रसाद मनहर और रामरतन साहू भी मौजूद थे। तीनों आरोपियों ने प्रार्थी से काले कागज के बदले 50 हजार रुपये नकद देने की मांग की।
हालांकि, प्रार्थी को पूरे मामले में ठगी का संदेह हो गया। उसने आरोपियों से पूछताछ शुरू की तो तीनों मौके से फरार हो गए। इसके बाद प्रार्थी ने नवागढ़ पुलिस को घटना की जानकारी दी।
पुलिस ने ऐसे दबोचा गिरोह
शिकायत मिलने के बाद नवागढ़ पुलिस और साइबर थाना जांजगीर की टीम ने जांच शुरू की। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर से मिली जानकारी के आधार पर आरोपियों की तलाश शुरू की। लगातार निगरानी और जांच के बाद पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने थाना नवागढ़ में अपराध क्रमांक 246/2026 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(2) और 61(2) के तहत कार्रवाई की है। पूछताछ के बाद तीनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान तेरस राम महिपाल (34 वर्ष), निवासी तालदेवरी थाना बिर्रा, रामरतन साहू (35 वर्ष), निवासी करौबाडीह थाना जैजैपुर और शिव प्रसाद मनहर (36 वर्ष), निवासी करौबाडीह थाना जैजैपुर के रूप में हुई है।
पुलिस के मुताबिक शिव प्रसाद मनहर इस गिरोह का मास्टरमाइंड बताया जा रहा है। वह पूर्व में जैजैपुर थाना क्षेत्र में 24 लाख रुपये के नकली नोट और रायपुर के गंज थाना क्षेत्र में 85 लाख रुपये के नकली नोट से जुड़े मामलों में चालान हो चुका है।
केमिकल पाउडर और नोट जैसे 6 कागज बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से सफेद प्लास्टिक डिब्बे में रखा सफेद केमिकल पाउडर, काले रंग का केमिकल लगा हुआ नोट जैसा दिखने वाला 6 नग कागज और तीन मोबाइल फोन जब्त किए हैं। बरामद मोबाइल में OPPO, REDMI और REALME कंपनी के फोन शामिल हैं।
पुलिस अब आरोपियों से गिरोह के अन्य सदस्यों और पूर्व में की गई ठगी की घटनाओं के संबंध में पूछताछ कर रही है।
पुलिस ने लोगों से की सतर्क रहने की अपील
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि कम रकम देकर अधिक राशि के नोट बनाने, काले कागज को केमिकल के जरिए असली नोट में बदलने या इस तरह के किसी भी लालच में न आएं। ऐसे मामलों में ठगी का खतरा रहता है। पुलिस ने लोगों से संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस को देने की अपील की है।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय IPS के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. यूलैंडन यार्क के मार्गदर्शन में साइबर थाना जांजगीर एवं थाना नवागढ़ पुलिस द्वारा की गई। कार्रवाई में निरीक्षक मणिकांत पाण्डेय, थाना प्रभारी नवागढ़, साइबर थाना से निरीक्षक भास्कर शर्मा, सहायक उप निरीक्षक विवेक सिंह, प्रधान आरक्षक राजकुमार चंद्रा, आरक्षक गिरीश कश्यप और प्रदीप दुबे की महत्वपूर्ण भूमिका रही।













